“कंप्यूटर युग का आरम्भ”

कंप्यूटर शब्द का अर्थ है “संगणक” क्योंकि ये बड़ी से बड़ी गणना सेकेंडो में कर देता है | कंप्यूटर का विकास गणितिय गणनाओं को आसानी से सोल्व करने तथा समय को बचाने के उद्देश्य से किया गया है कंप्यूटर शब्द अंग्रेजी भाषा के ‘कंप्यूट‘ शब्द से बना है जिसका अर्थ होता है गणना

कंप्यूटर का इतिहास

एबेकस (abacus )

प्राचीन समय मे गणना करने के लिए एबेकस का उपयोग किया जाता था. एबेकस एक यंत्र है जिसका उपयोग आंकिक गणना (arthmatic calculation) के लिए किया जाता है. गणना तारो मे पिराये मोतियौं के द्वारा किया जाता है. इसका अविष्कार चीन मे हुआ था.

 

 

 

 

पास्कल कैलकुलेटर (pascal calculator) or pasclain

प्रथम गणना मशीन का निर्माण १६४५ मे फ़्रांस के गणतिग्य ब्लेज़ पास्कल ने किया था. उस calculator मे इंटर लॉकिंग गियर का उपयोग किया गया था जो ० से ९ संख्या को दर्शाता था. अत इसे एडिंग मशीन भी कहा गया.

 

 

 

 

 

 

एनालेटिकल इंजन ( analytical engine )

१८०१ मे जोसफ मेर्री जेक्वार्ड  ने स्वचालित बुनाई मशीन का निर्माण किया . इसमें धातु के प्लेट को छेदकर पंच किया गया था और जो कपडे की बुनाई को नियंत्रित करने मे सक्षम था.

१८२० मे एक अंग्रेज अविष्कारक चार्ल्स बैबेज ( charles babbage ) ने डिफरेंस engine तथा बाद मे एनालेटिकल इंजन ( analytical engine ) बनाया. चार्ल्स बैबेज के कांसेप्ट का उपयोग क्र पहला कंप्यूटर प्रोटोटाइप का निर्माण किया गया. इसी कारण चार्ल्स बैबेज को कंप्यूटर का जन्मदाता ( father of computer )कहा जाता है. अगस्टा ने ही एक पहला demonstration program लिखा और उनके बाइनरी अर्थमेटिक के योगदान को जान वान  newmen  ने आधुनिक कंप्यूटर के विकास के लिए उपयोग किया तथा बाइनरी प्रणाली का अविष्कार किया इसीलिए अगस्टा को प्रथम प्रोग्रामर भी कहा जाता है.

 

 

 

 

 

herman hollerth and punch card

१८८० के लगभग hollerth ने पंच card का निर्माण किया जो आज के कंप्यूटर card की तरह होता था.

 

 

 

 

 

 

प्रथम इलेक्ट्रॉनिक कंप्यूटर, ENIAC (electronic numerical integrated and calculator)

1942 हॉवर्ड university के एच्  आइकन ने एक कंप्यूटर का निर्माण किया. यह कंप्यूटर mark १ आज के कंप्यूटर का prtotype था. १९४६ मे ENIAC का निर्माण हुआ. जो पूर्णतया इलेक्ट्रॉनिक कंप्यूटर था और जिसका निर्माण pennsylvania university के J . PRECPER ECKERT और जॉन MUCHLY ने किया था.

EDSAC

यह कैम्ब्रिज university मे विकसित किया गया था

 

UNIVAC -१

इसे universal automatic computer भी कहते है यह १९५१ मे trading के लिए उपलब्ध प्रथम था इसमें कंप्यूटर की प्रथम पीढ़ी के गुण समाहित थे.

 

कंप्यूटर की पीढ़ी

 

प्रथम पीढ़ी

इलेक्ट्रॉनिक सर्किट मे निर्वात tube का उपयोग.

प्राइमरी इटरनल स्टोरेज के रूप मे megnatic ड्रम का उपयोग.

सीमित मुख्य भण्डारण छमता

मंद गति के इनपुट आउटपुट

निम्न स्तरीय प्रोग्रामिंग भाषा, मशीनी भाषा,assembly भाषा

ताप नियंत्रण मे problem

उदाहरण –IBM ६५०,UNIVAC

 

 

द्वितीय  पीढ़ी

ट्रांजिस्टर का उपयोग

प्राइमरी इंटरनल स्टोरेज के रूप कई चुम्बकीय कोर का आरम्भ

मुख्य भण्डारण छमता मे बढोतरी

तीब्र इनपुट aotput

उच्च स्तरीय भाषा ( कोबोल , fartran )

आकर और ताप मे बढोतरी

तीब्र और विश्वसनीय

उदाहरण – IBM १४०१, HONEY WELL २०० CDC १६०४

 

तृतीय पीढ़ी

IC  चिप का उपयोग

चुम्बकीय कोर और सॉलिड स्टेट मुख्य भण्डारण के रूप मे उपयोग

अधिक लचीला इनपुट आउटपुट

तीब्र, छोटे,विस्वसनीय

उच्स्तरिया भाषा का ज्यादा उपयोगरिमोट सेंसिंग और टाइम शेयरिंग सिस्टम, मल्टी प्रोग्रामिंग

सॉफ्टवेर फॉर इनपुट आउटपुट कंट्रोलिंग

उपयोग- एयरलाइन , REGERVATION ,क्रेडिट कार्ड ,

उदाहरण – IBM SYSTEM/३६०, NCR ३९५

 

चोथी पीढ़ी

VLSI तथा ULSI का उपयोग

उच्च तथा तीव्रः छमता वाले भण्डारण

भिन्न भिन्न हार्डवेयर निर्माता के यन्त्र बीच एक अनकूलता ताकि उपभोक्ता किसी एक विक्रेता से बंधा न रहे

मिनी कंप्यूटर का आरम्भ

माइक्रोप्रोसेसर का आरम्भ

उपयोग- इलेक्ट्रॉनिक फण्ड ट्रान्सफर

उदाहरण – IBM PC –XT , एप्पल – II

 

पांचवी पीढ़ी

ऑप्टिकल डिस्क का भण्डारण मे उपयोग

INTERNET , E – MAIL और WWW का विकास

छोटा आकर और तीब्र उपयोग तथा आसान प्लग और प्ले

उपयोग- इन्टरनेट,मल्टीमीडिया

उदाहरण- IBM नोटबुक, PENTIUM PC , सुपर कंप्यूटर, ETC

कुछ अन्य बातें

६०० ईसा पूर्व हुआ जब मेसोपुटामिया में गिन्तारे का अविष्कार हुआ 17वीं शताब्दी में डानन नेपियर ने “कैलकुलेटर” का अविष्कार किया फिर १९४२ में यांत्रिक कैलकुलेटर बेब्ज पास्कल ने बनाया |

कंप्यूटर का अविष्कार चार्ल्स बेबेज १९ वी सदी में किया था | चार्ल्स बेबेज गणित के प्रोफेसर थे | इन्होने ही Analytical Engine की रचना की जिसको की वो धन के अभाव के कारण पूरा नही कर पाए थे लेकिन आज के कंप्यूटर भी इसी के आधार पर काम कर रहे | और तभी से आधुनिक  कंप्यूटर का युग शुरु हुवा |

१९४० में प्रथम पीढ़ी का कंप्यूटर आया जिसमे वैक्यूम ट्यूब का प्रयोग किया गया था |जिसके कारण इसको बहुत जादा स्थान की अवसक्ता थी इसके अलवा ये गर्मी भी बहुत पैदा करता था और बिजली भी बहुत लेता था | गर्मी जादा पैदा करने के कारण वैक्यूम ट्यूब के फटने का खतरा भी जादा रहता था | तब स्टोर के लिए पंचकार्ड  का उपयोग किया जाता था तब ऑपरेटिंग सिस्टम नही था |

फिर १९५६ में वैक्यूम ट्यूब की जगह ट्रांजिस्टर ने ले ली जिससे इसका आकार भी छोटा हो गया और साथ ही ये वैक्यूम ट्यूब की अपेक्षा फ़ास्ट कम करता था और सेकंड्री मेमोरी के लिए पंचकार्ड की जगह मैग्नेटिक टेप और डिस्क ने ले ली |

1964 में कंप्यूटर के तीसरे युग का आरभ हुआ इस पीढ़ी में कंप्यूटर का साइज़ छोटा करने के लिए कई तकनिकी प्रयोग किये गये जिसके बाद इंटीग्रेटेड सर्किट बना ये कंप्यूटर नेनो सेकंड में काम करता था  १९७१ में कंप्यूटर में सिंगल चिप माइक्रोप्रोसेसर का प्रयोग हुआ माइक्रोप्रोसेसर का अविष्कार Ted Hoff ने किया था  माइक्रोप्रोसेसर के आने के बाद  कंप्यूटर का साइज़ बहुत छोटा हो गया ये कंप्यूटर बहुत रफ्तार से कम करता है अब हमारे वैज्ञानिक कृत्रीम बुद्धि वाले कंप्यूटर के विकास के लिए लगातार प्रयोग कर रहे है और तब होगा एक नया युग जिसे रोबोटो का युग कहेगे||||

 

दीपक

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